ज़ाहा हदीद
ज़ाहा मोहम्मद हदीद (31 अक्टूबर 1950 – 31 मार्च 2016) आधुनिक अउर भविष्यसूचक वास्तुकला के दुनिया के एगो बहुते प्रसिद्ध अउर प्रभावशाली नाँव रहिन। ऊ पिट्ज़कर वास्तुकला पुरस्कार पावे वाली दुनिया के पहिली औरत रहिन, जेकरा से वास्तुकला के क्षेत्र में सबसे बड़ सम्मान मिलल। [१]
उनकर डिजाइन पारंपरिक इमारतन से बिलकुल अलग रहेला, जहाँ सीधा कोना के जगह बहते, मुड़त अउर गतिशील आकार देखे के मिलेला।
शुरुआती जीवन अउर परिवार
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]ज़ाहा हदीद के जनम 31 अक्टूबर 1950 के बगदाद, इराक में भइल। उनका पिता मुहम्मद अल-हज्ज हुसैन हदीद एगो उद्योगपति अउर राजनीतिक कार्यकर्ता रहिन। [२]
उनकर माई वजीहा अल-साबुनजी कलाकार रहिन, जेकर असर ज़ाहा के रचनात्मक सोच पर साफ देखाई देला। [३]
बचपन में प्राचीन सूमेर सभ्यता के खंडहर देख के उनका में वास्तुकला के प्रति गहरी जिज्ञासा पैदा भइल।
पढ़ाई अउर करियर
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]ज़ाहा हदीद शुरुआत में गणित पढ़िन, फेर 1972 में लंदन के Architectural Association School of Architecture में दाखिला लिहिन।
उनकर ग्रेजुएशन प्रोजेक्ट मालेविच के टेक्टोनिक्स आधुनिक वास्तुकला में क्रांतिकारी विचार मानल गइल। [४]
1980 में ऊ आपन फर्म ज़ाहा हदीद आर्किटेक्ट्स शुरू कइलीं, जे आज दुनिया के सबसे प्रभावशाली आर्किटेक्चरल फर्म में गिनाइल जाला। [५]
वास्तुकला शैली
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]उनकर वास्तुकला शैली डिकंस्ट्रक्टिविस्ट कहल जाला। एह शैली में इमारत स्थिर ना लागे, बल्कि चलती, बहती अउर जीवंत महसूस होखेला।
उनका अक्सर “कर्व्स के रानी” कहल जाला, काहे कि उनका डिज़ाइन में घुमावदार रेखा के खास महत्व रहेला।
प्रमुख परियोजनाएं
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]- वीट्रा फायर स्टेशन, जर्मनी
- हेदर अलीयेव सांस्कृतिक केंद्र, अज़रबैजान
- अल जनूब स्टेडियम, कतर
- द ओपस, दुबई
- लंदन एक्वाटिक्स सेंटर, यूनाइटेड किंगडम
शिक्षण कार्य
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]ज़ाहा हदीद कई प्रसिद्ध विश्वविद्यालयन में पढ़ावे का काम भी कइलीं। ऊ हार्वर्ड यूनिवर्सिटी, कोलंबिया यूनिवर्सिटी अउर यूनिवर्सिटी ऑफ इलिनोइस में विज़िटिंग प्रोफेसर रहिन।
आलोचनाएँ
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]कुछ आलोचकन के कहना रहल कि उनका इमारतन पर लागत बहुते जियादा आवेला अउर निर्माण में समय लागेला। हालांकि समर्थकन के मानना रहल कि उनका डिजाइन भविष्य के वास्तुकला के दिशा तय कइले।
पुरस्कार अउर सम्मान
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]- पिट्ज़कर वास्तुकला पुरस्कार (2004)
- स्टर्लिंग पुरस्कार (2010, 2011)
- रॉयल गोल्ड मेडल (2016)
विरासत
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]ज़ाहा हदीद के निधन के बादो उनका फर्म सक्रिय रहल अउर आजो दुनिया भर में उनका विचारन पर आधारित इमारत बन रहल बा। ऊ वास्तुकला में औरतन के भागीदारी बढ़ावे में प्रेरणा स्रोत बन गइलीं।
निधन
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]31 मार्च 2016 के मियामी, अमेरिका में हृदयाघात से उनका निधन भइल। [८]
सन्दर्भ
[सम्पादन | स्रोत सम्पादित करैं]- ↑ "Zaha Hadid". britannica.com.
- ↑ "A warped perspective". The Daily Telegraph. १६ अगस्त २००५.
{{cite news}}: CS1 maint: date auto-translated (कड़ी) - ↑ "Zaha Hadid Biography".
- ↑ Fontana-Giusti, Gordana. "Zaha Hadid: 1950–2016". Architectural Research Quarterly.
- ↑ "Zaha Hadid Architects".
- ↑ "Works of Zaha Hadid".
- ↑ "Pritzker Prize 2004".
- ↑ "Zaha Hadid Death".